
रायपुर : केंद्रीय मंत्री कमलेश पासवान से उजाला समय के संपादक दीपक अरोरा की शिष्टाचार मुलाकात हुई। इस दौरान कई अहम मुद्दों पर विस्तृत चर्चा हुई, जिसमें बस्तर के बदलते हालात और विकास की संभावनाएं प्रमुख रहीं।
क्या अब इतिहास बन जाएगा नक्सलवाद? बस्तर को लेकर मंत्री का बड़ा बयान
मुलाकात के दौरान केंद्रीय मंत्री ने कहा कि बस्तर में नक्सलवाद के कमजोर पड़ने और क्षेत्र के नक्सली मुक्त होने की दिशा में यह एक बड़ा मोड़ है। उन्होंने इसे सरकार की नीतियों और सुरक्षा बलों के संयुक्त प्रयासों का परिणाम बताते हुए इसे एक मील का पत्थर करार दिया।उन्होंने स्पष्ट संकेत दिए कि आने वाले समय में बस्तर विकास के नए आयाम स्थापित करेगा और क्षेत्र में शांति के साथ प्रगति की रफ्तार तेज होगी।
विकास की नई राह या बड़ा बदलाव? योजनाओं के क्रियान्वयन पर सख्त संदेश
इस चर्चा के दौरान केंद्र सरकार की विभिन्न योजनाओं पर भी गंभीर संवाद हुआ। मंत्री ने योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन और जमीनी स्तर पर उनके प्रभावी पालन को लेकर दिशा निर्देश दिए।उन्होंने कहा कि योजनाओं का असली लाभ तभी मिलेगा जब उन्हें पूरी पारदर्शिता और तेजी के साथ लागू किया जाएगा। खासकर बस्तर जैसे क्षेत्रों में विकास कार्यों को प्राथमिकता देने की जरूरत पर जोर दिया गया।
सौजन्य मुलाकात से निकले बड़े संकेत, विकास को लेकर उम्मीदें बढ़ीं
संपादक दीपक अरोरा के साथ हुई यह सौजन्य मुलाकात केवल औपचारिक बातचीत तक सीमित नहीं रही, बल्कि इसमें नीति, विकास और क्षेत्रीय परिवर्तन जैसे अहम मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई।इस दौरान यह संदेश भी सामने आया कि केंद्र सरकार की नजर बस्तर के दीर्घकालिक विकास मॉडल पर है और आने वाले समय में यहां बुनियादी ढांचे से लेकर सामाजिक विकास तक कई बड़े बदलाव देखने को मिल सकते हैं।







