हाईवे पर गृहमंत्री का ‘आम पीड़ित’ बनकर डायल-112 का औचक टेस्ट, सिस्टम की रफ्तार परखी गई

बेमेतरा। छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री एवं गृहमंत्री विजय शर्मा ने शनिवार को बेमेतरा हाईवे पर एक अनोखे अंदाज में पुलिस व्यवस्था का औचक निरीक्षण किया। रायपुर से कवर्धा जाते समय उन्होंने खुद को आम नागरिक की तरह पेश करते हुए डायल-112 हेल्पलाइन पर कॉल किया और आपातकालीन पुलिस सेवा की कार्यप्रणाली को परखा।

पीड़ित बनकर लगाया कॉल, हाईवे पर रुककर किया इंतजार

जानकारी के अनुसार, गृहमंत्री विजय शर्मा ने हाईवे पर रुककर डायल-112 पर फोन किया और बताया कि वे एक सड़क दुर्घटना और मारपीट की स्थिति में फंसे हुए हैं तथा उन्हें तुरंत सहायता की जरूरत है। कॉल दर्ज होते ही उन्होंने वहीं सड़क किनारे पुलिस टीम के पहुंचने का इंतजार किया।

कुछ ही समय में डायल-112 की टीम मौके पर पहुंच गई और स्थिति को संभाला। टीम को जब पता चला कि कॉल करने वाले स्वयं गृहमंत्री हैं, तो वे भी कुछ देर के लिए चौंक गए।

डायल-112 सिस्टम और टेक्नोलॉजी का किया गहन परीक्षण

गृहमंत्री ने केवल औपचारिक निरीक्षण तक खुद को सीमित नहीं रखा। उन्होंने पूरी प्रक्रिया को एक आम नागरिक की तरह अनुभव किया और पुलिस रिस्पॉन्स टाइम, लोकेशन ट्रैकिंग सिस्टम और तकनीकी सुविधाओं की जमीनी हकीकत की जांच की।

उन्होंने मौके पर मौजूद अधिकारियों से डायल-112 के नए तकनीकी ढांचे और इमरजेंसी रिस्पॉन्स सिस्टम की जानकारी भी ली।

जनता के भरोसे और सिस्टम सुधार पर जोर

निरीक्षण के बाद गृहमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि आपातकालीन सेवाओं को मजबूत बनाना सरकार की प्राथमिकता है और इस तरह के औचक परीक्षणों से सिस्टम में और पारदर्शिता आएगी।

उन्होंने कहा कि उद्देश्य केवल यह सुनिश्चित करना है कि किसी भी आपात स्थिति में आम जनता को बिना देरी के मदद मिल सके और पुलिस व्यवस्था पर लोगों का भरोसा और मजबूत हो।

Related Posts

कुपोषण मुक्त बचपन की दिशा में बड़ा कदम: आंगनवाड़ी सेवाओं का हुआ जमीनी मूल्यांकन

कुपोषण मुक्त बचपन की दिशा में बड़ा कदम: आंगनवाड़ी सेवाओं का हुआ जमीनी मूल्यांकन संचालक डॉ. रेणुका श्रीवास्तव ने केंद्रों का किया निरीक्षण, माताओं से संवाद कर जाना पोषण योजनाओं का…

Read more

बाल संरक्षण और पुनर्वास की दिशा में छत्तीसगढ़ में चला व्यापक अभियान

बाल संरक्षण और पुनर्वास की दिशा में छत्तीसगढ़ में चला व्यापक अभियान बाल सक्षम नीति-2022 के तहत 1 से 30 जून तक विशेष अभियान, बाल श्रम, भिक्षावृत्ति और सड़क जैसी…

Read more