
ग्राफ्टेड बैंगन की खेती से मोहन लाल ने अर्जित की 2 लाख रुपये की शुद्ध आय
रायपुर,/ राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत परंपरागत खेती से आगे बढ़ते हुए अब जिले के किसान आधुनिक उद्यानिकी खेती अपनाकर बेहतर आय अर्जित कर रहे हैं। विकासखंड धरसींवा के ग्राम भटगांव (धनेली) निवासी कृषक श्री मोहन लाल जैन इसकी प्रेरणादायक मिसाल बनकर सामने आए हैं।
श्री जैन पूर्व में अपनी भूमि पर पारंपरिक खेती किया करते थे। उद्यानिकी विभाग के मैदानी अमलों के प्रचार-प्रसार से प्रभावित होकर उन्होंने पिछले वर्ष परंपरिक खेती के स्थान पर उद्यानिकी फसल लेकर खेती करने का निर्णय लिया। इस हेतु उन्होंने इस योजना के घटक ग्राफ्टेड बैगन/टमाटर प्रदर्शन के अंतर्गत अपनी 1 एकड़ भूमि पर ग्राफ्टेड बैगन किस्म-212 का रोपण किया।
उन्होंने नवम्बर 2025 में अपनी भूमि पर ग्राफ्टेड बैगन का रोपण कर 20 टन से अधिक बैगनों का उत्पादन किया। उत्पादन में अधिकता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि जनवरी माह के प्रत्येक सप्ताह में 2.5 टन बैगन तोडे़ गए। जिसे जिले के डूमरतराई स्थित थोक सब्जी मंडी में विक्रय कर उन्हें 2 लाख रूपए की शुद्ध आय प्राप्त हुई। मोल
राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत श्री जैन को उद्यानिकी विभाग द्वारा उच्च गुणवत्ता वाले ग्राफ्टेड बैंगन पौधे उपलब्ध कराए गए। योजना के अंतर्गत कुल 30 हजार रुपये की प्रावधानित राशि में से पौध की राशि संबंधित प्रदायक संस्था को भुगतान की गई तथा शेष अनुदान राशि किसानों के बैंक खाते में हस्तांतरित की गई।

कृषक श्री जैन ने बताया कि उद्यानिकी फसलों से उन्हें पारंपरिक खेती की तुलना में अधिक आय प्राप्त हो रही है जिससे वे बहुत खुश हैं, एवं इस हेतु उन्होंने उद्यानिकी विभाग का आभार व्यक्त किया |







